नाम
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वासुपूज्य
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पिता का नाम
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वसुपुज्य
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माता का नाम
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विजया
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कुल
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इक्ष्वाकु वंश
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गर्भ कल्याण
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स्थान
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चम्पापुरी
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तिथी
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आषाढ़ बदी ६
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नक्षत्र
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शत तारका
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जन्म कल्याण
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स्थान
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चम्पापुरी
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तिथी
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फाल्गुन बदी १४
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नक्षत्र
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विशाखा
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राशी
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कुंभ
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चिन्ह (लक्षण)
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भैसा
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वर्ण
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लाल
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शरीर की ऊंचाई
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७० धनुष
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दीक्षा कल्याण
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वैराग्य का कारण
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जाति स्मरण होना
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तिथी
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फाल्गुन बदी १४
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समय
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दोपहर बाद
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नक्षत्र
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विशाखा
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पालकी
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रत्न माला
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नगर
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चम्पापुरी
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वन
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मनोहर
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वृक्ष
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कदम्ब
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वृक्ष की ऊंचाई
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८४० धनुष
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कितने राजाओ ने संग दीक्षा ली
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६७६
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उपवास का नियम
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१ दिन
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प्रथम आहार
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दीक्षा के कितने दिन बाद
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३
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स्थान
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राजगृही
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आहार देने वाले राजा का नाम
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सुन्दर जी
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आहार की वस्तु
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गाय के दूध की खीर
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केवलज्ञान से पूर्व उपवास
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२
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तपस्या काल
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५४ लाख वर्ष
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केवलज्ञान कल्याण
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तिथी
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माघ सुदी २
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समय
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दोपहर बाद
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नक्षत्र
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विशाखा
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स्थान
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चंपा पूरी
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वन
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मनोहर
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वृक्ष
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पाटल
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समवशरण
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विस्तार (योजन में)
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६.५
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विस्तार (कोस में)
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२६
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कुल गणधर
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६६
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मुख्य गणधर
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धर्मवीर
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मुख्य आर्यिका
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वरसेना जी
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मुख्य श्रोता
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द्विपिष्ठ
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मुख्य यक्ष
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शनमुख
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मुख्य यक्षिणी
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गौरी
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मोक्ष कल्याण
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तिथी
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भाद्रपद सुदी १४
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समय
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सांयकाल
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स्थान
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चम्पापुरी
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विशिष्ठ स्थान
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मनोहरवन
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नक्षत्र
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आश्वीनी
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आसन
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पद्मासन
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साथ में मुनि मोक्ष गए
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६०१
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विवाह
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प्रथम बालब्रह्मचारी
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मुख्य पुत्र
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प्रथम बालब्रह्मचारी
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संघपति
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सुदर्शनसेन
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कुमार काल
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१८ लाख वर्ष
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छद्मस्त काल
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१ वर्ष
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आयु
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७२ लाख वर्ष
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प्रभु के काल में शलाका पुरुष
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चक्रवर्ती
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कोई नहीं
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बलभद्र
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श्री अचल
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नारायण
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श्री द्विप्रष्ठ
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कामदेव
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कोई नहीं
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प्रतिनारायण
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तारक
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नारद
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महाभीम
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रूद्र
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अचल
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विशेष पद
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मांडलिक राजा
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Thursday, 21 January 2016
vasupujya ji jeevan parichay
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